अल्मोड़ा-जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से पर्यावरण चेतना को बढाने के लिए ग्रीन हिल्स ट्रस्ट द्वारा पर्यावरण की पाठशाला कार्यक्रम की शुरुआत करी गई है।इस कार्यक्रम का प्रारंभ ताकुला डोटियाल गाँव के श्रीराम विद्या मंदिर से किया गया। संस्था की सचिव डा वसुधा पन्त ने पर्यावरण के संरक्षण के लिए विद्यार्थियों को शिक्षा एवं विद्या में अंतर बताते हुए शिक्षा ग्रहण पर अपना ध्यान केन्द्रित करने को कहा। ग्लोबल वार्मिंग,जलवायु परिवर्तन के लिए मनुष्य के लालच को जिम्मेदार ठहराते हुए उन्होंने कहा की प्रकृति केवल मनुष्य के उपभोग के लिए नहीं है।इस पर हर प्रजाति का बराबर अधिकार है।अपने उपभोग पर नियंत्रण करके ही हम जलवायु परिवर्तन की विभीषिका से बच सकते हैं।हम आज जिस स्तिथि पर पहुँच चुके हैं किसी भी टेक्नोलॉजी से जलवायु परिवर्तन पर नियत्रण नहीं पाया जा सकता।बलबीर बोरा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि हम अपनी प्रतिदिन की आदतों में सुधार करके प्रकृति को प्रदूषित होने से बचा सकते हैं।इसके लिए आवश्यक है की बच्चे प्लास्टिक पैकेज्ड खाद्यों जैसे चिप्स,कुरकुरे, टॉफी बिस्किट आदि का सेवन छोड़ कर ताजे फलों अथवा घर पर बने स्नेक्स का इस्तेमाल करें जो उनके स्वास्थ्य को भी दुरुस्त रखेगा और पर्यावरण को भी।ग्रीन हिल्स ट्रस्ट श्रीराम विद्या मंदिर का आभारी है।
