
अल्मोड़ा-उत्तराखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देश पर जिला न्यायालय परिसर में बुधवार को ‘सम्मान से पहचान’ अभियान के तहत ट्रांसजेंडर समुदाय के लिए विधिक जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। शिविर में ट्रांसजेंडर व्यक्तियों को उनके अधिकारों, सरकारी योजनाओं और कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गई। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष श्रीकांत पांडेय के मार्गदर्शन में सचिव अनामिका सिंह ने शिविर का आयोजन कराया। इस दौरान ट्रांसजेंडर व्यक्तियों को ट्रांसजेंडर व्यक्तियों के अधिकारों का संरक्षण अधिनियम-2019, शिक्षा के अधिकार, रोजगार एवं स्वास्थ्य संबंधी अधिकारों, विभिन्न सरकारी योजनाओं तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की भूमिका के बारे में जानकारी दी गई। शिविर में न्यायपूर्ण और संवेदनशील समाज के निर्माण में ट्रांसजेंडर समुदाय की गरिमा एवं सम्मान के महत्व पर भी प्रकाश डाला गया। प्रतिभागियों को स्थायी लोक अदालत के लाभ, नालसा हेल्पलाइन नंबर 15100 तथा नि:शुल्क विधिक सहायता संबंधी जानकारी भी प्रदान की गई। इस अवसर पर सर्वोच्च न्यायालय, नई दिल्ली में 21, 22 और 23 अगस्त 2026 को आयोजित होने वाले समाधान समारोह (विशेष लोक अदालत) के संबंध में भी जानकारी दी गई और अधिक से अधिक लोगों से इसका लाभ उठाने की अपील की गई।
