अल्मोड़ा-अल्मोड़ा में वट सावित्री व्रत का पर्व श्रद्धा, भक्ति और पारंपरिक उत्साह के साथ मनाया गया।इस अवसर पर साई बाबा मंदिर में महिलाओं द्वारा सामूहिक रूप से वट सावित्री पूजन एवं व्रत कथा का आयोजन किया गया, जिसमें नगर के विभिन्न मोहल्लों से बड़ी संख्या में सुहागिन महिलाओं ने सहभागिता की।पूजा के दौरान महिलाओं ने विधि-विधान से वट वृक्ष की पूजा-अर्चना कर अपने पति की लंबी आयु, सुख-समृद्धि और परिवार की खुशहाली की कामना की। मंदिर परिसर भक्ति गीतों, मंत्रोच्चार और धार्मिक वातावरण से पूरी तरह भक्तिमय बना रहा। महिलाओं ने पारंपरिक परिधानों में सजकर पूजा में भाग लिया और वट सावित्री व्रत कथा का श्रवण किया।इस अवसर पर भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश उपाध्यक्ष किरन पंत ने कहा कि वट सावित्री व्रत भारतीय संस्कृति और सनातन परंपराओं का एक महत्वपूर्ण पर्व है। उन्होंने कहा कि सदियों से सुहागिन महिलाएं अपने पति की दीर्घायु और अखंड सौभाग्य की कामना के लिए यह व्रत रखती आ रही हैं।उन्होंने वट सावित्री की पौराणिक कथा का उल्लेख करते हुए कहा कि माता सावित्री ने अपने दृढ़ संकल्प, तप और भक्ति के बल पर यमराज से अपने पति सत्यवान के प्राणों की रक्षा कर उन्हें पुनर्जीवन प्रदान किया था। यही कारण है कि यह व्रत नारी शक्ति, समर्पण और अटूट विश्वास का प्रतीक माना जाता है।किरन पंत ने इस अवसर पर समस्त उत्तराखंड की सुहागिन महिलाओं को वट सावित्री व्रत की शुभकामनाएं देते हुए उनके सुखी एवं समृद्ध वैवाहिक जीवन की कामना की।कार्यक्रम में मंदिर परिसर के प्रधान पुजारी विजय जोशी,भानु शाह सहित अनेक महिलाएं उपस्थित रहीं।आयोजन के अंत में महिलाओं को प्रसाद वितरण किया गया तथा सामूहिक आरती के साथ कार्यक्रम संपन्न हुआ।


