अल्मोड़ा-पूर्व में हुई नगर निगम की बोर्ड बैठक में समस्त पार्षदों ने नगर निगम प्रशासन को स्पष्ट रूप से तीन महत्वपूर्ण बिंदुओं पर कार्यवाही करने हेतु एक माह का समय दिया था।पार्षदों ने कहा कि खेदजनक है कि समय सीमा समाप्त हो जाने के बावजूद अब तक नगर निगम द्वारा किसी भी बिंदु पर गंभीरता नहीं दिखाई गई।यह रवैया वार्डवासियों की समस्याओं की अनदेखी और जनप्रतिनिधियों के निर्णयों का अपमान है।नगर निगम की इस लापरवाही से पार्षदगणों में गहरा आक्रोश देखने को मिला।आज नगर निगम में बैठक कर पार्षदो ने चेतावनी दी हैं कि यदि अगले दो दिनों के भीतर पार्षदों की तीनों मांगों पर ठोस और लिखित निर्णय नहीं लिया गया तो बुधवार से क्रमिक अनशन प्रारंभ किया जाएगा और आंदोलन को उग्र रूप भी दिया जाएगा।तीन मुख्य मांगो में नगर आयुक्त व लेखा अधिकारी की तत्काल नियुक्ति करने,निर्माण कार्यों से संबंधित बजट की स्वीकृति एवं क्रियान्वयन,आवारा पशुओं व बंदरों को पकड़ने हेतु आवश्यक बजट का त्वरित आवंटन करना है।पार्षदों ने कहा कि यदि इन मांगों पर त्वरित कार्यवाही नहीं की जाती है तो पार्षदगण मजबूरन कठोर कदम उठाएंगे। इसकी संपूर्ण जिम्मेदारी नगर निगम प्रशासन की होगी।बैठक में पार्षद चंचल दुर्गापाल,पार्षद अंजू बिष्ट,पार्षद मधु बिष्ट,पार्षद वैभव पाण्डेय,पार्षद हेम तिवारी,पार्षद विकास कुमार, पार्षद भूपेंद्र जोशी,पार्षद मुकेश कुमार डैनी,पार्षद अधिवक्ता रोहित सिंह कार्की,पार्षद कुलदीप मेर,पार्षद प्रदीप कुमार,पार्षद गुंजन सिंह चम्याल, पार्षद दीपक कुमार,पार्षद अनूप भारती,पार्षद कमला किरोला, पार्षद नवीन चंद्र आर्य,पार्षद विजय भट्ट,पार्षद जानकी पांडे, पार्षद इंतक़ाब कुरैशी शामिल रहे।
