अल्मोड़ा-शैक्षणिक क्रियाकलापों को बढ़ावा देने के लिए विश्वविद्यालय के कुलपति की उपलब्धियां लगातार विस्तार ले रही हैं।आज सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय अल्मोड़ा में
आध्यात्मिक-वैदिक अध्ययन वैदिक पाठ्यक्रमों के संचालन को लेकर श्री अनामय न्यास कौसानी के साथ एमओयू पर हस्ताक्षर हुए।विश्वविद्यालय की ओर से कुलपति प्रो सतपाल सिंह बिष्ट और श्री अनामय न्यास की ओर से आशुतोष उर्स स्ट्रॉबेल ने हस्ताक्षर किए।विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ देवेंद्र सिंह बिष्ट इस एमओयू के साक्षी रहे।एमओयू होने से वैदिक विज्ञान के पाठ्यक्रमों के संचालन,ध्यान और एकाग्रता से संबंधित ज्ञान प्रसार, वैदिक विज्ञान को लेकर ऑनलाइन कार्यक्रम के आयोजन,राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय विद्यार्थियों को वैदिक ज्ञान के प्रशिक्षण मुहैय्या कराने, चेतना आधारित शिक्षा कार्यक्रम प्रदान करने,ध्यान को लेकर कार्यशाला आयोजन करने,भावातीत ध्यान पर सत्र और जोतिष,वास्तु जैसे पाठ्यक्रमों को लेकर व्याख्यान आयोजित कराने,कार्पोरेट प्रशिक्षण आदि को लेकर भविष्य में कार्यक्रम आयोजित किये जायेंगे।विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो सतपाल सिंह बिष्ट ने जानकारी देते हुए बताया कि एमओयू के बाद उत्तराखंड के आध्यात्मिक एवं वैदिक ज्ञान को लेकर देश-विदेश के विद्यार्थी प्रशिक्षण प्राप्त कर सकेंगे। छात्र छात्राओं को आध्यात्मिक और वैदिक ज्ञान के विशेषज्ञों के अनुभवों का लाभ मिलेगा।श्री अनाशक्ति न्यास के निदेशक आशुतोष उर्स ने कहा कि विश्वविद्यालय के साथ हुए इस एमओयू में सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय के साथ मिलकर आध्यात्मिक और वैदिक क्षेत्र में कार्य किया जाएगा।इस दौरान डॉ ललित चंद्र जोशी,वैयक्तिक सहायक विपिन चंद्र जोशी,गोविंद मेर,तरविंदर सिंह, दरपान सिंह मेहता आदि उपस्थित रहे।
