अल्मोड़ा-सांख्यिकी दिवस पर सांख्यिकी विभाग सोबन सिंह जीना विश्वविद्यालय परिसर अल्मोड़ा में सतत विकास के लिए आंकड़े विषय पर विचार गोष्ठी कार्यक्रम को आयोजित किया गया।कार्यक्रम की अध्यक्षता सांख्यिकी विभाग के विभागाध्यक्ष प्रोफेसर नीरज तिवारी ने की।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में अधिष्ठाता छात्र कल्याण और विभागाध्यक्ष समाज शास्त्र प्रो०इला साह और विशिष्ट अतिथि के तौर पर विभागाध्यक्ष गणित विभाग बीसी तिवारी और विभागाध्यक्ष संख्याकी विभाग भट्ट ने प्रतिभाग किया।इस अवसर पर प्रो०नीरज तिवारी ने सांख्यिकी के जनक प्रो०प्रशांत महालनोबिस को याद किया गया और उनके जीवन पर प्रकाश डाला साथ ही गोष्ठी के विषय सतत विकास के लिए आंकड़े पर सभी छात्र छात्राओं व शोधार्थियों को बताया।वहीं उनके द्वारा मानव जीवन में सांख्यिकी के महत्व की विशेषता को शब्दों में ढालने की कला को सर्वश्रेष्ठ बताया।प्रो० नीरज तिवारी ने डाटा और सतत विकास के 17 गोल्स के बारे में बताया।प्रो०इला साह ने अपने व्यक्तव्य में संख्याकि विषय का समाज शास्त्र और समाज के अन्य हिस्सों में इस्तमाल पर प्रकाश डाला।इसके अलावा प्रो० स्पर्श भट्ट ने कहा की प्रो० प्रशांत बचपन से एक जुझारू छात्र रहे थे।उनका जन्म कोलकाता में हुआ था।उन्होंने कोलकाता के प्रेसीडेंसी कॉलेज से अपना ग्रेजुएशन पूरा किया।उनमें किसी बदु पर गहन अध्ययन व विचार करने की कला एवं क्षमता भरी थी।जो विषय के हर पहलु पर एक नये विचार को जन्म देता था।यही वजह है कि सांख्यिकी जैसे महत्वपूर्ण विषय के वे जन्मदाता बने।कार्यक्रम का संचालन शोधार्थी आशीष पंत के द्वारा किया गया।इस मौके पर संख्यकी विभाग के शिक्षक गिरजा शंकर जोशी,शोध विद्यार्थी नवीन नैनवाल,नेहा मटियानी, भूमिका भट्ट,ऋषभ आदि छात्र छात्राओं ने भी अपने महत्वपूर्ण विचार व्यक्त किये।इस मौके पर योगेश मैलानी,पुष्पा वर्मा,कुसुमलता,मनदीप बिदान,इंद्र मोहन पंत,भानुप्रताप रावत,माधवानंद शर्मा,हिमानी आदि कई छात्र छात्राएं मौजूद रहे।