अल्मोडा़-जिला विकास प्राधिकरण को समाप्त करने की मांग को लेकर चल रहा सर्वदलीय संघर्ष समिति का धरना कोरोना महामारी के कारण विगत आठ माह से बन्द था।समिति को विश्वास था कि सरकार जनहित में जिला विकास प्राधिकरण को समाप्त कर देगी परन्तु इतना समय बीत जाने के बाद भी जब प्रदेश सरकार ने प्राधिकरण जैसे गम्भीर मुद्दे पर कोई कार्यवाही नहीं की तो समिति पुनः आन्दोलन को बाध्य हुई।यह कहना है सर्वदलीय संघर्ष समिति के संयोजक और नगरपालिका अध्यक्ष प्रकाश चन्द्र जोशी का।यहां प्रैस को जारी बयान में सर्वदलीय संघर्ष समिति के संयोजक एवम् नगरपालिका अध्यक्ष प्रकाश चन्द्र जोशी ने कहा कि नवम्बर 2017 में प्रदेश सरकार ने तुगलकी फरमान से समूचे पर्वतीय क्षेत्र में जनविरोधी जिला विकास प्राधिकरण लागू कर दिया था।जिसका सर्वदलीय संघर्ष समिति लगातार धरने,प्रदर्शन,जूलूस एवम् ज्ञापन के माध्यम से विरोध कर रही है परन्तु सरकार अपनी हठधर्मिता छोड़ने के लिए तैयार नहीं है।उन्होंने कहा कि मार्च में कोरोना महामारी के कारण समिति ने सुरक्षा की दृष्टि से अपना धरना स्थगित कर दिया था परन्तु आज आठ माह बीत जाने के बाद भी जब सरकार की ओर से प्राधिकरण समाप्त करने की ओर कोई कार्यवाही नहीं की गयी तो समिति पुनः जनहित में अपना धरना करने को बाध्य हुई है।उन्होंने बताया कि आगामी मंगलवार 27 अक्टूबर से समिति जिला विकास प्राधिकरण को समाप्त करने की मांग को लेकर प्रत्येक मंगलवार को दोपहर 12 बजे से 2 बजे तक पूर्व की भांति अपना धरना गांधी पार्क चौघानबाटा अल्मोडा़ में देगी।उन्होंने जनहित के इस धरने में अल्मोड़े की समस्त जनता,समस्त राजनैतिक दलों,युवाओं,सामाजिक संगठनों एवम् व्यापारी बंधुओं से अपना सहयोग देने की अपील की।