अल्मोड़ा-कांग्रेस के जिला प्रवक्ता एवं अधिवक्ता निर्मल रावत ने प्रैस को जारी एक बयान में कहा है कि प्रदेश भर में सरकार के तीन वर्ष पूरे होने पर आयोजित बहुद्देशीय शिविरों में जनता के काम होने के बजाय उन शिविरों को बीजेपी की मिली भगत से राजनीतिक मंचों में परिवर्तित कर अधिकारियों ने भाजपा एजेंटों की तरह कार्य किया है।जिला प्रवक्ता निर्मल रावत ने हैरानी जताते हुए कहा कि जिन अधिकारियों ने प्रतियोगी परीक्षाओं और लंबे अनुभवों के बाद इन महत्वपूर्ण पदों को प्राप्त किया उन अधिकारियों ने निष्पक्ष होकर जनता के लिए काम करने की शपथ ली होगी।उन्हीं अधिकारियों ने आज बीजेपी का एजेंट बनकर इन शिविरों में उनके नेताओं को मंच प्रदान कर खुली छूट दी।उन्होंने कहा कि अधिकारियों ने अगर अल्मोड़ा हवालबाग ब्लॉक में आयोजित कार्यक्रम में अगर प्रदेश में भाजपा सरकार होने के चलते उस राजनीतिक पार्टी के प्रतिनिधि को बुलाया था तो द्वाराहाट विधानसभा के कार्यक्रम में विधायक प्रत्याशी को किस नियम के तहत घंटों बोलने के लिए मंच दिया गया?उन्होंने कहा कि ऐसे कई उदाहरण सामने आए जहां खंड विकास अधिकारी भाजपा के भारी दबाव में नजर आए।वे अपना महत्वपूर्ण सरकारी पद भूल कर खुद भाजपा एजेंट बनकर कार्य करते नजर आए।जिला प्रवक्ता निर्मल रावत ने कहा कि ऐसे अधिकारियों को जिला स्तर पर भी चिन्हित किया जा रहा है,जो भाजपा के आगे नतमस्तक होकर कार्य कर रहे हैं।ऐसे अधिकारियों को अपनी कार्य शैली में बदलाव करना ही पड़ेगा।जिला प्रवक्ता निर्मल रावत ने कहा कि अगली बार से इन बहुद्देशीय शिविरों में इन अधिकारियों को भाजपा के झंडे भी लगा लेने चाहिए जिससे ये पूरी तरह इन शिविरों का भाजपाकरण कर पाएं।जिला प्रवक्ता निर्मल रावत ने कहा कि जिन शिविरों में गांव घरों की माताओं,बहिनों,बुजुर्गों के कागजात, कृषि,स्वास्थ्य,राशन संबंधी और उनके विकास और संवर्धन के लिए काम होने थे उन शिविरों में भाजपा के पदाधिकारी अपना गला फाड़ते रहे और अधिकारी मूकदर्शक और लाचार बने नजर आए।जिला प्रवक्ता निर्मल रावत ने कहा कि आम जनता को इन शिविरों का कोई लाभ नहीं मिला।जनता निराश हताश और थक चूर कर इन शिविरों से लौटी है और कांग्रेस की तरफ देख रही है।
