अल्मोड़ा-आज प्रैस को जारी एक बयान में व्यापार मंडल जिलाध्यक्ष सुशील साह ने कहा कि जाखन देवी में सीवर लाइन के लचर काम को देखते हुए और विभाग के आश्वासन के बाद भी कोई कार्यवाही नहीं करने के कारण प्रांतीय उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल सभी व्यापारियों के साथ दिनांक 23 फरवरी शुक्रवार को जाखनदेवी मार्ग में धरना देगा और संबधित विभाग पेयजल और उसके आला अधिकारियों का घेराव किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यदि पेयजल निगम कल 22 फरवरी तक मार्ग की सफाई को लेकर कोई भी कार्य नही करता है तो विभाग के खिलाफ व्यापार मंडल लामबद्ध होगा। उन्होंने कहा कि सभी व्यापारी और आम जनमानस इनके झूठे आश्वासन और ढुलमुल काम करने के तरीके से तंग आ चुका है।व्यापारियों की बंद पड़ी दुकानें और होने वाली समस्याओं को यह अधिकारी नहीं समझेंगे क्योंकि सरकार के जरिए हर महीने इनके खातों में तनख्वाह के रूप में बड़ी रकम आ रही है। उन्होंने कहा कि जल निगम की लापरवाही से उक्त मार्ग में एक व्यक्ति की मौत तक हो चुकी है लेकिन विभाग नहीं चेता। उन्होंने कहा कि यदि कल तक विभाग ने सड़क सुधारीकरण की दिशा में कोई प्रयास नहीं किया तो परसों से होने वाले धरना, प्रदर्शन और घेराव की सम्पूर्ण जिम्मेदारी जल निगम विभाग के अधिकारियों की होगी।विदित हो कि नगर के माल रोड पर शिखर होटल से जाखनदेवी के मध्य सीवर लाइन का कार्य जनवरी माह से चल रहा था। सीवर लाइन कार्य आम लोगों के लिए सरदर्द बन गया था। लगभग डेढ़ माह से अधिक समय तक चले सीवर लाइन कार्य में कई अनियमितताएं दिखाई दी। बेतरतीब तरीके से चल रहे इस कार्य की कार्यदाई संस्था उत्तराखंड जल निगम है। विभाग का कहना है कि यह कार्य पूर्ण हो चुका है और मंगलवार से इस मार्ग पर चौपहिया वाहनों का आवागमन शुरू कर दिया गया है। कार्य के चलते सड़क खोदी गई थी जिससे मिट्टी सड़क पर ही रही और मिट्टी की सफाई की ठेकेदार द्वारा कोई भी व्यवस्था नहीं की गई। सोमवार रात हुई बारिश के बाद इस सड़क पर कीचड़ जमा रहा और दोपहिया वाहन रपटते रहे। कार्यदाई संस्था जल निगम और ठेकेदार को सड़क की सफाई के बाद मार्ग खोलना चाहिए था लेकिन बिना सफाई के मार्ग चालू कर दिया गया। रात में हुई बारिश के बाद यह सड़क कीचड़ से पटी रही दोपहिया वाहन चालकों ने जान हथेली पर लेकर आवागमन किया। इसे विभाग की लापरवाही ही कहेंगे कि मार्ग की सफाई नहीं की गई और आनन-फानन में रास्ता खोल दिया। विगत माह इसी सड़क पर विभाग और ठेकेदार की लापरवाही से एक व्यक्ति की हादसे में मौत हो गई थी। हादसे से विभाग ने सबक लेना चाहिए था लेकिन विभाग को काम जल्दी दिखाने की जल्दी थी और सड़क बिना सही करवाए चालू करवा दी। कीचड़ से पटी सड़क बिना सफाई और सुरक्षा के कैसे शुरू करवा दी यह सोचनीय विषय है और विभाग की गंभीरता पर प्रश्न चिन्ह लगाता है।
